नई दिल्ली | केंद्रीय मंत्री डॉ. जितेंद्र सिंह ने शासन व्यवस्था में समावेशी क्षमता निर्माण को बढ़ावा देने के लिए भारतीय लोक प्रशासन संस्थान (आईआईपीए) की देशव्यापी पहुंच को मजबूत करने पर विशेष बल दिया है। उन्होंने उपराष्ट्रपति श्री सी.पी. राधाकृष्णन की उपस्थिति में संस्थान की 72वीं वार्षिक आम सभा की बैठक को संबोधित किया। इस अवसर पर उन्होंने राष्ट्रीय राजधानी दिल्ली से बाहर संस्थान की गतिविधियों के विस्तार और क्षेत्रीय नेटवर्क को सुदृढ़ करने की आवश्यकता रेखांकित की।
राष्ट्रीय राजधानी से बाहर विस्तार और शाखाओं का सुदृढ़ीकरण
डॉ. जितेंद्र सिंह ने कहा कि आईआईपीए की भौगोलिक पहुंच बढ़ने से इसके शैक्षणिक संसाधनों और पेशेवर नेटवर्क का लाभ देश के बड़े समुदाय तक पहुंचेगा। उन्होंने संस्थान की क्षेत्रीय और स्थानीय शाखाओं को ज्ञान के प्रसार तथा व्यापक भागीदारी के लिए महत्वपूर्ण माध्यम बताया। 31 मार्च, 2026 तक देश भर में आईआईपीए की 26 क्षेत्रीय शाखाएं और 43 स्थानीय शाखाएं सक्रिय हैं। मंत्री ने युवा पेशेवरों और हाल के स्नातकों की बढ़ती भागीदारी से संस्थान की कुल सदस्यता 11,611 तक पहुंचने की जानकारी दी।
डिजिटल लर्निंग और अनुसंधान गतिविधियां
ज्ञान और प्रशिक्षण तक पहुंच को व्यापक बनाने के लिए डिजिटल लर्निंग, ऑनलाइन पाठ्यक्रमों और निजी क्षेत्र के सहयोग को बेहद जरूरी बताया गया है। वर्ष 2025-26 के दौरान संस्थान ने 45 अनुसंधान प्रोजेक्ट पूरे किए और वर्तमान में 13 अध्ययन कार्य चल रहे हैं। इसके अलावा, राज्य, जिला और स्थानीय स्तर के अधिकारियों के लिए 35 कार्यक्रमों समेत कुल 130 प्रशिक्षण कार्यक्रम और शैक्षणिक गतिविधियां संचालित की गईं।
Source: Press Information Bureau (PIB), Government of India
Photo: PIB











