नई दिल्ली | प्रशासनिक सुधार और लोक शिकायत विभाग के तत्वावधान में जल शक्ति मंत्रालय के अंतर्गत आने वाले जल संसाधन, नदी विकास और गंगा संरक्षण विभाग द्वारा 2 अक्टूबर से 31 अक्टूबर 2026 तक विशेष अभियान 6 का संचालन किया जा रहा है। इस देशव्यापी अभियान का मुख्य उद्देश्य सरकारी दफ्तरों में स्वच्छता को बढ़ावा देना और विभिन्न लंबित मामलों के त्वरित समाधान को सुनिश्चित करना है।
प्रगति समीक्षा और वरिष्ठ अधिकारियों की बैठक
इस अभियान की प्रगति का जायजा लेने के लिए 28 अक्टूबर 2026 को विभाग की सचिव श्रीमती अर्चना वर्मा ने वरिष्ठ अधिकारियों के साथ एक उच्चस्तरीय बैठक की अध्यक्षता की। इस दौरान उन्होंने विभाग और उससे जुड़े संगठनों द्वारा लक्ष्य प्राप्ति के लिए किए जा रहे कार्यों पर संतोष जताया। साथ ही, उन्होंने यह निर्देश भी दिए कि निर्धारित समय सीमा से पहले लंबित मामलों का निपटारा करने के वास्ते उचित तरीकों और उपायों का प्रभावी उपयोग किया जाए।
विभिन्न मापदंडों पर शानदार उपलब्धियां
29 अक्टूबर 2026 तक विभाग द्वारा हासिल किए गए आंकड़ों के अनुसार, कई मोर्चों पर लक्ष्य से अधिक सफलता मिली है। समीक्षा की जाने वाली ई-फाइलों का लक्ष्य 6443 था, जिसके मुकाबले 9650 यानी 149.7 प्रतिशत की उपलब्धि हासिल की गई। पीएमओ से प्राप्त 29 संदर्भों में से 37 का समाधान हुआ, जो कि 127.5 प्रतिशत है। इसके अलावा, 371 स्थलों की सफाई के लक्ष्य के मुकाबले 422 स्थलों को स्वच्छ बनाया गया और 7724 भौतिक फाइलों में से 8452 की समीक्षा पूरी की गई। कैबिनेट नोट्स (आईएमसी), नियम सरलीकरण और राज्य सरकारों से प्राप्त संदर्भों के मामलों में शत-प्रतिशत सफलता दर्ज की गई। जन शिकायतों, सांसदों से प्राप्त वीआईपी संदर्भों, पीजी अपीलों और संसदीय आश्वासनों पर भी लगातार कार्रवाई जारी रही। इसके अतिरिक्त, कबाड़ या स्क्रैप के निपटान से कुल 78,45,064 रुपये का राजस्व प्राप्त हुआ, 1980 भौतिक फाइलें हटाई गईं, 2966 ई-फाइलें बंद की गईं और 1441 वर्ग फुट जगह को खाली कराया गया।
जन जागरूकता और पोर्टल पर अपडेट
स्वच्छता अभियानों के तहत चुनी गई जगहों की ‘पहले’ और ‘बाद’ की स्थितियों के फोटो और वीडियो लगातार कैप्चर किए जा रहे हैं। इस पूरी प्रक्रिया और अभियान से जुड़ी हर जानकारी को रोजाना प्रशासनिक सुधार और लोक शिकायत विभाग के आधिकारिक पोर्टल पर अपलोड किया जा रहा है। इसके साथ ही, आम जनता में जागरूकता फैलाने के उद्देश्य से विभाग और उससे जुड़े संगठनों की उपलब्धियों को रेखांकित करते हुए दो पीआईबी प्रेस विज्ञप्तियां जारी की गई हैं और विभिन्न सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म्स पर कुल 248 ट्वीट किए गए हैं।
Source: Press Information Bureau (PIB), Government of India
Photo: PIB











