नई दिल्ली | मुंबई के एनईएससीओ स्थित बॉम्बे प्रदर्शनी केंद्र में 22 से 24 अक्टूबर, 2026 तक 14वें इंडिया केम 2026 का आयोजन किया जा रहा है। रसायन एवं उर्वरक मंत्रालय के रसायन एवं पेट्रोकेमिकल विभाग और फेडरेशन ऑफ इंडियन चैंबर्स ऑफ कॉमर्स एंड इंडस्ट्री (FICCI) द्वारा संयुक्त रूप से आयोजित इस तीन दिवसीय द्विवार्षिक कार्यक्रम का विषय “एडवांटेज भारत: एक उभरता हुआ वैश्विक रसायन केंद्र” रखा गया है। केंद्रीय रसायन एवं उर्वरक तथा स्वास्थ्य और परिवार कल्याण मंत्री श्री जेपी नड्डा इस कार्यक्रम का उद्घाटन करेंगे, जबकि केंद्रीय राज्य मंत्री श्रीमती अनुप्रिया पटेल भी इस अवसर पर उपस्थित रहेंगी। इसके अलावा महाराष्ट्र, मध्य प्रदेश और ओडिशा के मुख्यमंत्री तथा केंद्र और राज्य सरकारों के वरिष्ठ अधिकारी भी इस कार्यक्रम में शामिल होंगे।
वैश्विक भागीदारी और जापान भागीदार देश
इस प्रमुख आयोजन में जापान भागीदार देश के रूप में भाग ले रहा है, जो भारत-जापान आर्थिक सहयोग को मजबूत करने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम है। इंडिया केम 2026 में जापान, संयुक्त राज्य अमेरिका, कनाडा, ब्रिटेन, यूरोपीय संघ के देशों, लैटिन अमेरिका, वियतनाम, कोरिया और आसियान देशों सहित 100 से अधिक देशों के शामिल होने की उम्मीद है। इस वैश्विक सम्मेलन के ग्लोबल सीईओ फोरम में 200 से अधिक भारतीय और अंतर्राष्ट्रीय प्रदर्शक, 8,000 से अधिक व्यावसायिक प्रतिनिधि तथा 50 से अधिक प्रमुख सीईओ हिस्सा लेंगे। गुजरात, ओडिशा, आंध्र प्रदेश, तमिलनाडु, मध्य प्रदेश, राजस्थान और महाराष्ट्र सहित कई राज्यों के पेट्रोरसायन निवेश क्षेत्र अपनी क्षमताओं और निवेश अवसरों का प्रदर्शन करेंगे।
भारतीय रसायन उद्योग की वृद्धि और भविष्य की संभावनाएं
भारत दुनिया में रसायनों का छठा और एशिया का चौथा सबसे बड़ा उत्पादक देश है। भारतीय रसायन उद्योग में उल्लेखनीय वृद्धि देखी जा रही है, जिसके चलते इसके 2030 तक 300 बिलियन अमेरिकी डॉलर और 2040 तक 1 ट्रिलियन अमेरिकी डॉलर तक पहुंचने का अनुमान लगाया गया है। यह प्रदर्शनी रसायन, पेट्रोकेमिकल, और प्रक्रिया संयंत्र मशीनरी से जुड़े उत्पादों, आधुनिक प्रौद्योगिकियों और सेवाओं की एक विस्तृत श्रृंखला को प्रदर्शित करेगी। यह सम्मेलन नीति निर्माताओं, वैश्विक उद्योग जगत के नेताओं, निवेशकों, शोधकर्ताओं और अन्य हितधारकों को एक मंच पर लाकर व्यापार, सहयोग और निवेश के नए अवसर तलाशने का कार्य करेगा।
Source: Press Information Bureau (PIB), Government of India
Photo: PIB






