नई दिल्ली | सूक्ष्म, लघु और मध्यम उद्यम (एम एस एम ई) मंत्रालय की हिंदी सलाहकार समिति की एक महत्वपूर्ण बैठक 28 अक्टूबर, 2026 को नई दिल्ली स्थित डॉ. अंबेडकर अंतरराष्ट्रीय केंद्र में आयोजित की गई। इस उच्चस्तरीय बैठक की अध्यक्षता केंद्रीय मंत्री, एम एस एम ई, श्री जीतन राम मांझी ने की। बैठक में मंत्रालय की केंद्रीय राज्य मंत्री, एम एस एम ई, सुश्री शोभा करांदलाजे ने उपाध्यक्ष के रूप में अपनी उपस्थिति दर्ज कराई। इसके अलावा मंत्रालय के सचिव श्री भरत खेड़ा और समिति के अन्य सम्मानित सदस्यों ने भी इस बैठक में हिस्सा लिया और राजभाषा के प्रचार-प्रसार पर चर्चा की।
पत्रिका विमोचन और राजभाषा कीर्ति पुरस्कार
बैठक के दौरान मुख्य आकर्षणों में मंत्रालय की पत्रिका ‘उद्यमी मित्र’ के द्वितीय अंक और राष्ट्रीय लघु उद्योग निगम (एनएसआईसी) की पत्रिका ‘उद्यम प्रभा’ का आधिकारिक विमोचन शामिल रहा। इस अवसर पर मंत्रालय तथा उसके अधीनस्थ कार्यालयों में हिंदी के प्रयोग की प्रगति की समीक्षा भी की गई। बैठक में सचिव श्री भरत खेड़ा ने सभी सदस्यों को जानकारी दी कि वर्ष 2025-26 के दौरान हिंदी में उत्कृष्ट कार्य करने के लिए मंत्रालय को प्रतिष्ठित ‘राजभाषा कीर्ति पुरस्कार’ से सम्मानित किया जा चुका है।
समिति के सुझाव और मंत्रियों के संकल्प
बैठक के दौरान समिति के सदस्यों ने हिंदी के प्रसार, राजभाषा से संबंधित रिक्त पदों को भरने, दक्षिण भारत में विशेष हिंदी कार्यशालाओं का आयोजन करने और सरकारी दस्तावेजों को सरल व सहज हिंदी भाषा में तैयार करने के संबंध में कई महत्वपूर्ण सुझाव दिए। कार्यालयीन कामकाज में हिंदी के अधिकाधिक प्रयोग और उद्यमियों से उनकी भाषाई सुविधा के अनुसार संवाद करने पर भी विशेष बल दिया गया। इसके साथ ही तकनीक, प्रबंधन और उद्यमिता के क्षेत्रों में भी हिंदी के उपयोग को प्रोत्साहित करने की आवश्यकता पर जोर दिया गया। केंद्रीय राज्य मंत्री सुश्री शोभा करांदलाजे ने सरकारी कार्यों में हिंदी के अधिकाधिक प्रयोग पर बल दिया। वहीं, केंद्रीय मंत्री श्री जीतन राम मांझी ने सरकारी कार्यालयों में हिंदी के प्रयोग को बढ़ावा देने की अपनी मजबूत प्रतिबद्धता व्यक्त करते हुए सरकारी फाइलों पर हिंदी में टिप्पणियाँ लिखने का ऐतिहासिक संकल्प लिया।
Source: Press Information Bureau (PIB), Government of India
Photo: PIB






