नई दिल्ली | केंद्रीय पर्यटन मंत्रालय द्वारा अरुणाचल प्रदेश सरकार और अन्य पूर्वोत्तर राज्यों के सहयोग से आयोजित 14वें अंतरराष्ट्रीय पर्यटन मार्ट (आईटीएम) का शुभारंभ अरुणाचल प्रदेश के तवांग में हो गया है। यह तीन दिवसीय मार्ट 29 से 31 अक्टूबर 2026 तक आयोजित किया जा रहा है, जिसका मुख्य उद्देश्य पूर्वोत्तर के आठों राज्यों की पर्यटन क्षमता को दुनिया के सामने प्रदर्शित करना और घरेलू तथा अंतरराष्ट्रीय बाजारों के साथ व्यावसायिक सहभागिता को मजबूत करना है। उद्घाटन सत्र के दौरान केंद्रीय पर्यटन और संस्कृति मंत्री श्री गजेंद्र सिंह शेखावत, केंद्रीय राज्य मंत्री श्री सुरेश गोपी, डॉ. सुकांत मजूमदार, अरुणाचल प्रदेश के मुख्यमंत्री श्री पेमा खांडू और सिक्किम के मुख्यमंत्री श्री प्रेम सिंह तमांग सहित कई गणमान्य व्यक्ति उपस्थित रहे।
पर्यटन विकास और व्यावसायिक अवसरों पर जोर
उद्घाटन समारोह को संबोधित करते हुए केंद्रीय मंत्री श्री गजेंद्र सिंह शेखावत ने कहा कि यह मार्ट केवल पर्यटन का बाजार नहीं है, बल्कि यह साझेदारियां बनाने और पूर्वोत्तर क्षेत्र में पर्यटन विकास के लिए एक साझा दृष्टिकोण तैयार करने का मंच है। उन्होंने बताया कि इस 14वें संस्करण में 22 देशों के 43 अंतरराष्ट्रीय खरीदार शामिल हुए हैं, जो कि इस मार्ट में अब तक की सर्वाधिक अंतरराष्ट्रीय खरीदार भागीदारी है। इसके अलावा, 16 राज्यों और केंद्र शासित प्रदेशों के 42 घरेलू खरीदार और 81 विक्रेता भी इसमें हिस्सा ले रहे हैं। पूर्वोत्तर राज्यों में पर्यटन की स्थिति पर प्रकाश डालते हुए उन्होंने बताया कि क्षेत्र के आठ राज्यों में घरेलू पर्यटकों की संख्या 2019 के 95 लाख 65 हजार से बढ़कर 2025 में 1 करोड़ 51 लाख हो गई है, जो लगभग 58 प्रतिशत की वृद्धि को दर्शाती है।
बुनियादी ढांचे और सतत पर्यटन को बढ़ावा
सरकार द्वारा पूर्वोत्तर क्षेत्र में कनेक्टिविटी और पर्यटन अवसंरचना को मजबूत करने के लिए कई परियोजनाओं को स्वीकृति दी गई है। इनमें स्वदेश दर्शन, चुनौती-आधारित गंतव्य विकास, एसएएससीआई और प्रशाद जैसी योजनाएं शामिल हैं, साथ ही क्षेत्रीय संपर्क योजना-उड़ान के तहत 10 पर्यटन मार्गों को भी सहयोग दिया गया है। कार्यक्रम के दौरान पारंपरिक हस्तशिल्प और हथकरघा उत्पादों को प्रदर्शित करने के लिए ‘नॉर्थ ईस्ट बाजार’ का भी शुभारंभ किया गया। 13 वर्षों के अंतराल के बाद तवांग में हो रहे इस आयोजन से कम प्रसिद्ध पर्यटन स्थलों को बढ़ावा मिलने और सतत पर्यटन को मजबूती मिलने की उम्मीद है।
Source: Press Information Bureau (PIB), Government of India
Photo: PIB





